लास्पा में दो पुलों के टूटने से 13 गांवों के 300 लोग फंसे

पिथौरागढ़ (खबर संसार)। बीती 22 जनवरी को हुए हिमस्खलन से लास्पा गाड़ के दो पुलों के टूटने से 13 गावों के 300 प‍रिवारों का पैतृक गांव पहुंचना मुश्किल हो गया है। अप्रैल से यात्रा शुरू कर चुके ये लोग मवेशियों के साथ अभी बुगड़ियार गांव में फंसे हैं।

प्राप्त जानकारी के अनुसार मुनस्यारी स्थित जोहार घाटी के 13 गांवों के 300 परिवारों की राह लास्पा में टूटे दो पुलों से रूक गई है। चीन सीमा से इनके पैतृक गांव मात्र 25 किलोमीटर दूर हैं। वे लोग रास्ता बंद होने के कारण सीमांत क्षेत्र के बुगड़ियार गांव में फंसे हैं।

मुनस्यारी के जोहार घाटी के 300 परिवार हर वर्ष प्रवास पर उच्च हिमालयी क्षेत्र में स्थित अपने गांव में जाते हैं। 41 किलोमीटर के दुर्गम पैदल रास्तों से होकर ये ग्रामीण मवेशियों के साथ चीन सीमा के करीब जाते हैं। बर्फ से लदे रास्तों और ग्लेशियरों के बीच इनकी यात्रा जोखिमभरी होती है। इस यात्रा में इन्हें दो से तीन दिन लगते हैं।

चीन सीमा से लगी चौकियों में आईटीबीपी के जवान मुस्तैदी से देश की सुरक्षा का जिम्मा संभाले हैं। लास्पा में बने दोनों पुलों के भरोसे आईटीबीपी की चौकियों को जरूरी रसद की आपूर्ति की जाती है। लेकिन पुल टूटने के बाद सेना की दिक्कतें भी बढ़ गई हैं। रास्ता न होने से जवानों को जरूरी सामान की आपूर्ति करना भी चुनौती साबित हो रहा है।

ताजा खबरें पढ़ने के लिए क्लिक करें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *