खबर संसार पटना.इंजीनियर को छापे की भनक लगते ही भ्रस्टाचार से कमाए नोट रात भर जलाता रहा फिर भी सुबह तक 40 लाख बच गए जले नोटों का जखीरा मिला वो अलग. जी हा आपको झटका लग सकते है ये सोचकर कि ऐसे इंजीनियर तो आपके आसपास आपके पहचान के भी है और कहानी फिल्मी लगे तो चौंकिए मत, ये हकीकत है। पटना में एक इंजीनियर को जैसे ही कालेधन पर छापे की भनक लगी, उन्होंने घर को ‘चिमनी’ बना डाला। रातभर नोट जलाते रहे और धुआं उठता रहा, लेकिन नोट खत्म होने का नाम नहीं ले रहे थे। जब ईओयू की टीम ने शुक्रवार सुबह छापा मारा तो पानी की टंकी से लगभग 40 लाख रुपये बरामद हुए।
भ्रस्टाचार से कमाए नोट रात भर जलाता रहा फिर भी सुबह तक 40 लाख बच गए
प्राप्त जानकरी अनुसार आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) के मुताबिक, करीब 21 लाख के जले नोट और बाथरूम के पाइप से जले नोटों का मलबा मिला है, जिसके दो से तीन करोड़ रुपये का होने का अनुमान है। आरोपी विनोद राय ग्रामीण कार्य विभाग के सीतामढ़ी डिवीजन में अधीक्षण अभियंता हैं। उनके पास मधुबनी डिवीजन का भी प्रभार है। गुरुवार को ईओयू को सूचना मिली कि राय भारी मात्रा में नकदी लेकर पटना स्थित घर जा रहे हैं। ईओयू टीम उनके घर पहुंची, मगर इंजीनियर की पत्नी ने रात के समय घर में अकेले होने की बात कहकर टीम को रोक दिया। पूरी टीम रातभर वहीं इंतजार करती रही। सुबह जब अधिकारी घर में घुसे तो दंग रह गए, वहां नोट जलाए गए थे।
