आईपीएल के संस्थापक और पूर्व चेयरमैन Lalit Modi ने एक इंटरव्यू में अंडरवर्ल्ड डॉन Dawood Ibrahim और उसकी कथित गतिविधियों को लेकर कई सनसनीखेज दावे किए हैं। उन्होंने कहा कि क्रिकेट प्रशासन से दूरी बनाने के उनके फैसले के पीछे जानलेवा धमकियां एक प्रमुख कारण थीं।
मैच फिक्सिंग के खिलाफ रुख बना विवाद की वजह
समाचार एजेंसी ANI को दिए इंटरव्यू में ललित मोदी ने बताया कि आईपीएल के शुरुआती वर्षों में उन्होंने मैच फिक्सिंग और अवैध सट्टेबाजी के खिलाफ सख्त रुख अपनाया था। उनके अनुसार, इसी वजह से उनका टकराव उस कथित नेटवर्क से हुआ, जो क्रिकेट सट्टेबाजी के बड़े अवैध कारोबार से जुड़ा हुआ था।
उन्होंने दावा किया कि क्रिकेट सट्टेबाजी का यह नेटवर्क बेहद व्यापक है, जहां मैच के नतीजे ही नहीं बल्कि हर गेंद और हर ओवर पर भी दांव लगाए जाते हैं।
“क्रिकेट छोड़ने के बड़े कारणों में से एक था यह मामला”
जब उनसे पूछा गया कि क्या दाऊद इब्राहिम से जुड़े कथित विवाद और धमकियां क्रिकेट से उनके संन्यास की वजह बनीं, तो उन्होंने कहा कि यह उन प्रमुख कारणों में शामिल था, जिनकी वजह से उन्होंने क्रिकेट प्रशासन से खुद को अलग करने का फैसला किया।
ललित मोदी के मुताबिक, पहले जहां मैच फिक्सिंग की चर्चा होती थी, वहीं अब कथित तौर पर ओवर और गेंद स्तर पर सट्टेबाजी का खेल ज्यादा प्रभावी हो चुका है।
जानलेवा हमलों और सुरक्षा को लेकर भी किए दावे
पूर्व आईपीएल चेयरमैन ने दावा किया कि उन्हें कई बार जान से मारने की कोशिश की गई। उनके अनुसार, मुंबई स्थित उनके घर के बाहर फायरिंग की घटना हुई थी। इसके अलावा उन्होंने दक्षिण अफ्रीका, मोंटेनेग्रो और लंदन में भी अपने ऊपर या परिवार से जुड़े कथित हमलों का जिक्र किया।
उन्होंने बताया कि इन परिस्थितियों के चलते उन्हें सुरक्षा एजेंसियों की विशेष सुरक्षा भी उपलब्ध कराई गई थी।
एक फोन कॉल का भी किया जिक्र
इंटरव्यू के दौरान ललित मोदी ने एक पुरानी घटना का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्हें देर रात एक फोन कॉल आया था, जिसके बाद उनकी मुलाकात एक प्रभावशाली व्यक्ति से हुई। उन्होंने दावा किया कि उस दौरान दाऊद इब्राहिम से फोन पर बातचीत कराई गई थी।
मोदी ने कहा कि यह अनुभव उनके लिए बेहद तनावपूर्ण था और उस समय वह काफी घबरा गए थे। उन्होंने इस घटना को अपने जीवन के सबसे असाधारण अनुभवों में से एक बताया।
दक्षिण अफ्रीका में आईपीएल शिफ्ट करने को बताया विवाद की वजह
ललित मोदी के अनुसार, आईपीएल को दक्षिण अफ्रीका स्थानांतरित करने के फैसले से कुछ लोगों को भारी आर्थिक नुकसान हुआ था। उनका दावा है कि इसी वजह से उनके खिलाफ साजिशें रची गईं और उन्हें निशाना बनाया गया।
उन्होंने यह भी कहा कि बाद में उन्होंने क्रिकेट प्रशासन से दूरी बनाने का फैसला किया और इसी के साथ विवाद को समाप्त करने की कोशिश की।
क्या बोले ललित मोदी?
ललित मोदी ने इंटरव्यू में कहा कि उन्होंने क्रिकेट प्रशासन से हटने का वादा किया था और उसी वादे को निभाया। उनके अनुसार, यह फैसला लंबे समय तक चले दबाव, विवादों और कथित सुरक्षा चिंताओं के बीच लिया गया था।
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