खबर संसार हल्द्वानी.पांडे नवाड स्थित टैगोर पब्लिक स्कूल का तृतीय वार्षिकोत्सव 17 फरवरी 2024 को बड़े धूमधाम एवं उत्साह के साथ मनाया गया इस अवसर पर स्कूल के छोटे बच्चों द्वारा उत्तराखंडी संस्कृति के अलावा भारत के विभिन्न राज्यों के संस्कृति को उजागर करते हुए अपनी प्रस्तुतियां दी । कार्यक्रम को देखते हुए ऐसा लग रहा था कि जैसे बच्चों में भारत और उत्तराखंड की संस्कृति कूट-कूट कर भरी हुई है वह अपनी संस्कृति के साथ विकास और आधुनिकता की ओर बढ़ना चाहते हैं
टैगोर पब्लिक स्कूल का तृतीय वार्षिकोत्सव संपन्न
इसी थीम पर पंचांग नाम को सारगर्वित करते हुए बच्चों ने अपने कार्यक्रमों के माध्यम से यह दिखाना चाहा कि भारत की संस्कृति विश्व गुरू बनाती है। । कार्यक्रम के दौरान कल्पना -3 पत्रिका और यूकेजी पुस्तकों का विमोचन किया गया, इस तरह विद्यालय ने पिछले तीन वर्षों में नर्सरी, एलकेजी और यूकेजी की अपनी पुस्तकें प्रकाशित की।विद्यालय के माननीय अध्यक्ष महोदय श्री जगदीश चंद्र पिमोली जी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस अवसर पर विद्यालय के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री वीरेंद्र सिंह बिष्ट, विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती रेनू शर्मा, समस्त शिक्षक वर्ग, कर्मचारी वर्ग, अभिभावक तथा छात्र उपस्थित रहे। सर्वप्रथम दीप प्रज्वलित करके कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया तत्पश्चात गणेश वंदना, सरस्वती वंदना, स्वागत गीत प्रस्तुत किए गए। प्रधानाचार्या श्रीमती रेनू शर्मा ने अतिथियों का स्वागत कर विद्यालय का वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत किया जिसमें शैक्षणिक एवं सह – शैक्षणिक क्षेत्र में विद्यालय की गतिविधियों पर प्रकाश डाला गया। सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति ने मंच पर इंद्रधनुष के रंगों सी छटा बिखेरी जिसमें विद्यालय के सभी छात्रों द्वारा समूह गीत, समूह नृत्य, एकल गायन तथा एकल नृत्य आदि प्रस्तुत किए गए। विद्यालय के प्री प्राइमरी के नन्हे- मुन्हे बच्चों ने अपने मनभावन नृत्य द्वारा सभी का मन मोह लिया
विद्यालय की संगीत शिक्षिका श्रीमती ज्योति उपाध्याय ने एकल गायन तथा नृत्य शिक्षिकाओं कुमारी अंजली तथा सृष्टि ने एकल नृत्य प्रस्तुत कर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। साथ ही साथ शिक्षकों के झोड़ा नृत्य ने सभी दर्शकों का मन मोह लिया। विद्यालय के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री वीरेंद्र सिंह बिष्ट ने बच्चों के संपूर्ण विकास के बारे में बताते हुए कहा कि विद्यालय में न केवल शिक्षा में बल्कि संस्कारी बनाने में भी जोर दिया जाता है।. समारोह की शोभा को और अधिक बढ़ाने के लिए लोक गायिका खुशी जोशी और लोक गायक गोविंद दिगारी द्वारा लोकगीत प्रस्तुत किए गए जिससे दर्शकों में उत्साह एवं उमंग का संचार हुआ। सह-शैक्षिक गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्रों को पुरस्कृत कर सम्मानित किया गया। सभा में उपस्थित सभी लोगों ने विद्यार्थियों के प्रदर्शन की सराहना की


