अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे तनाव के बीच एक अहम कूटनीतिक संकेत सामने आया है। पाकिस्तानी सूत्रों के हवाले से जानकारी मिली है कि दोनों देशों के बीच बातचीत का दूसरा चरण बुधवार, 22 अप्रैल 2026 को शुरू होने की संभावना है।
सूत्रों के अनुसार, वार्ता सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ रही है और अगला दौर तय समय के अनुसार शुरू हो सकता है।
ट्रंप की संभावित भागीदारी से बढ़ी चर्चा
सूत्रों ने यह भी संकेत दिया है कि अगर बातचीत के दौरान कोई ठोस समझौता बनता है, तो अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप इसमें शामिल हो सकते हैं। उनकी भागीदारी प्रत्यक्ष या वर्चुअल माध्यम से हो सकती है। पहले दौर की बातचीत में कोई ठोस नतीजा सामने नहीं आया था, ऐसे में अब दूसरे चरण पर वैश्विक नजरें टिकी हुई हैं।
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को लेकर बढ़ा तनाव
इस बीच स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को लेकर हालात और अधिक संवेदनशील हो गए हैं। हाल ही में अमेरिका द्वारा एक ईरानी जहाज को जब्त किए जाने के बाद ईरान ने इसे उकसावे वाली कार्रवाई करार दिया है।
इस घटना के बाद दोनों देशों के बीच तनाव और बढ़ गया है।
ईरान की चेतावनी: बंद हो सकता है अहम समुद्री रास्ता
ईरान ने साफ संकेत दिया है कि यदि अमेरिका की ओर से दबाव या नाकाबंदी जारी रहती है, तो वह स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को बंद करने पर विचार कर सकता है। यह समुद्री मार्ग वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए बेहद अहम है।
दुनिया पर पड़ सकता है बड़ा असर
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से दुनिया का करीब 20% कच्चा तेल गुजरता है। ऐसे में यदि यह मार्ग बंद होता है, तो इसका असर केवल क्षेत्रीय नहीं बल्कि वैश्विक स्तर पर पड़ेगा। तेल की सप्लाई बाधित होने के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।
यह भी पढ़ें- Anushka ने प्यूमा पर लगाया बिना परमिशन फोटो इस्तेमाल करने का आरोप



