खबर संसार नैनीताल। यौन शौषण में विधायक को हाई कोर्ट से राहत! जी हा सेक्स स्कैंडल में फंसे द्वाराहाट से भाजपा विधायक महेश नेगी को बड़ी राहत मिली है। कोर्ट में पेश सरकार के जांच अधिकारी ने फाइनल रिपोर्ट में विधायक को क्लीन चिट लगा दी है।
यौन शौषण में विधायक को हाई कोर्ट से राहत!
देहरादून सीजेएम कोर्ट से उनके डीएनए सेंपल लेने के आदेश को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई की। सरकार की ओर से कोर्ट में दाखिल शपथपत्र में विवेचक की ओर लगाई गई फाइनल रिपोर्ट की जानकारी दी गई। इसमें विधायक और उनकी पत्नी के खिलाफ किसी तरह का अपराध नहीं पाया गया है। न्यायाधीश न्यायमूर्ति आरसी खुल्बे की एकलपीठ ने सरकार के शपथपत्र के आधार पर विधायक की याचिका को निस्तारित कर दिया।कोर्ट ने महिला की यौन शोषण मामले की सीबीआई जांच कराने को लेकर दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए सरकार व विधायक महेश नेगी को चार सप्ताह में जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं।
अगली सुनवाई 13 जनवरी नियत की है। पीड़िता की तरफ से याचिका दायर कर कहा गया कि नेगी की डीएनए जांच कराई जाए, वे ही मेरी बेटी के पिता हैउत्तराखंड हाई कोर्ट ने द्वाराहाट अल्मोड़ा से वीजेपी के निवार्चित विद्यायक महेश नेगी के खिलाफ यौन उत्पीड़न करने के मामले में दायर दो अलग अलग याचिकाओ पर एक साथ सुनवाई की। कोर्ट ने विधायक की तरफ से दायर याचिका में सुनवाई करते हुए उसे अंतिम रूप से निस्तारित कर दी। पूर्व में सरकार से इस मामले में जाँच रिपोर्ट पेश करने को कहा था जिसमे आज जाँच अधिकारी द्वारा अंतिम जाँच रिपोर्ट पेश की।
जाँच में विधायक के खिलाफ रेप करने की पुष्टि नही हुई। इस आधार पर कोर्ट ने उनकी याचिका को निस्तारित कर दिया। वहीं पीड़िता की तरफ से दायर केस में कोर्ट ने सरकार व विधायक से 13 जनवरी तक शपथपत्र पेश करने को कहा है । मामले की अगली सुनवाई 13 जनवरी की तिथि नियत की है। आज मामले की सुनवाई न्यायमुर्ति आरसी खुल्बे की एकलपीठ में हुई।



