खबर संसार, नई दिल्ली: विदेशों में जमकर बिक रही भारत की desi चारपाई, मुनाफा भी 10 गुना, हमारे गांवों में आज भी desi खटिया का ही इस्तेमाल किया जाता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस देसी चारपाई (खटिया) की विदेशों में इतनी मांग है कि लोग इसकी पूर्ति तक नहीं कर पा रहे हैं। इस देसी खटिया की मांग का फायदा ऑनलाइन शॉपिंग कंपनियां उठा रही हैं। विदेशों में रहने वाले कई लोगों का कहना है कि ये desi चारपाई (खटिया) सेहत के लिए बेहद ही फायदेमंद है। हम इसी का इस्तेमाल करते हैं।
न्यूजीलैंड में महंगे दामों में बिक रही desi चारपाई
न्यूजीलैंड में desi चारपाई को बहुत ही महंगे दाम पर बेचा जा रहा है, जबकि भारत के कई इलाकों में ये चारपाई 1000 से 4000 रुपये के बीच आसानी से मिल जाती है। भारत के आप कहीं भी ग्रामीण इलाके में चले जाइए, वहां पर आपको वहां पर आपको यह चारपाई मिल जाएगी। ये रस्सियों से बनी होती है। रस्सियां उपयोग करने पर ढीली भी हो जाती हैं, और उन्हें आसानी से ऐसे बांधा और कसा जा सकता है।
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41211 रुपये में बिक रही देसी चारपाई
न्यूजीलैंड का एक ब्रांड एनाबेल्स इस desi चारपाई को बेच रहा है। जिसका नाम उसने ” विंटेज इंडियन डायबेड” रखा है। भारत में जहां आपको अच्छी desi चारपाई 1000-4000 के बीच मिल जाएगी, वहीं लेकिन न्यूजीलैंड का ब्रांड इसे 800 न्यूजीलैंड डॉलर में बेच रहा है। भारत के हिसाब से देखें तो ये कीमत 41,211 रुपये के आसपास होती है। यानी ये कम्पनी 10 गुना ज्यादा मुनाफा कमा रही है। कम्पनी का दावा है कि न्यूजीलैंड में अच्छी खासी है। जिसकी वजह से न्यूजीलैंड की इस कम्पनी ने दाम इतना ज्यादा रखा है।
ऑस्ट्रेलिया और ब्रिटेन में भी बढ़ी है मांग
साल 2019 में ब्रिटेन के एक ब्रांड कम्पनी ने भी यही तरीका अपनाया है। ब्रिकी महंगी होने की वजह से इस कम्पनी को कई आलोचनाओं का सामना करना पडा था। इसके अलावा ऑस्ट्रेलिया के एक शख्स ने भी भारतीय चारपाई को बिक्री के लिए रखा। उस दौरान उसने कीमत 50 हजार के आसपास रखी।


