spot_img
spot_img
HomeNationalध्रुव राठी के बयान पर भड़के पूर्व DGP विक्रम सिंह, जानें क्या...

ध्रुव राठी के बयान पर भड़के पूर्व DGP विक्रम सिंह, जानें क्या है पूरा मामला

SIR प्रक्रिया को रद्द करने और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर जारी आंदोलन के बीच ध्रुव राठी के एक इंटरव्यू पर विवाद खड़ा हो गया है। उत्तर प्रदेश के पूर्व DGP विक्रम सिंह ने उनके बयान पर नाराजगी जताते हुए इसे गंभीर अपराध बताया और कानूनी कार्रवाई की मांग की।

जर्मन यूट्यूबर ध्रुव राठी हाल ही में इस आंदोलन में शामिल होने भारत आए थे। एक इंटरव्यू में उन्होंने बॉलीवुड कलाकारों, पुलिस और सेना से एकजुट होकर सरकार के खिलाफ आवाज उठाने की बात कही। उनके इसी बयान पर पूर्व पुलिस महानिदेशक विक्रम सिंह ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने इसे देशद्रोह के बराबर बताते हुए कानूनी प्रावधानों का हवाला दिया।

ध्रुव राठी ने एकजुट होकर आवाज उठाने की कही बात

इंटरव्यू में ध्रुव राठी ने बॉलीवुड कलाकारों से एक साथ ट्वीट करने और अपनी एकजुटता दिखाने की अपील की। उन्होंने कहा, “फिल्म इंडस्ट्री में जो स्ट्रेंथ है, यूनिटी है, उस चीज को जरा दिखाओ। एक साथ ट्वीट करो। एक साथ आवाज उठाओ। फिर देखना क्या करेगी ये सरकार।”

उन्होंने पुलिस और सेना का जिक्र करते हुए कहा कि यदि ये दोनों एक साथ आवाज उठाती हैं, तो सरकार क्या करेगी। राठी के मुताबिक, ऐसी स्थिति में सरकार पूरी पुलिस फोर्स या पूरी सेना को एक साथ इस्तीफा देने के लिए नहीं कह सकती। उन्होंने लोकतांत्रिक देश में जनता की ताकत और एकता के महत्व पर भी जोर दिया।

पूर्व DGP ने बताया गंभीर अपराध

ध्रुव राठी के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए उत्तर प्रदेश के पूर्व DGP विक्रम सिंह ने कहा कि पुलिसकर्मियों को सरकार के खिलाफ भड़काना कानून के तहत गंभीर अपराध है। उन्होंने ‘पुलिसमैन इनसाइटमेंट टू डिसअफेक्शन एक्ट’ का उल्लेख किया।

सेना के संदर्भ में उन्होंने भारतीय न्याय संहिता की धारा 159 और पुरानी IPC की धारा 131 का हवाला देते हुए कहा कि इसमें आजीवन कारावास या 10 वर्ष तक की कैद और जुर्माने का प्रावधान है।

विक्रम सिंह ने की कानूनी कार्रवाई की मांग

पूर्व IPS अधिकारी ने भारत सरकार से इंटरव्यू की सत्यता की जांच कराने और कानूनी विशेषज्ञों से राय लेने की अपील की। उन्होंने कहा कि यदि बयान सही पाया जाता है, तो संबंधित व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज कर उचित कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए।

विक्रम सिंह ने ध्रुव राठी के बयान को ‘जहर बुझा तीर’ बताते हुए कहा कि ऐसे बयानों से माहौल विषाक्त हो सकता है। उन्होंने अपने अनुभव का हवाला देते हुए इस मामले में राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (रासुका) के तहत कार्रवाई की उपयुक्तता की भी बात कही।

ध्रुव राठी-विक्रम सिंह विवाद: 10 बड़ी बातें

  1. SIR प्रक्रिया को रद्द करने और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर आंदोलन जारी है।
  2. जर्मन यूट्यूबर ध्रुव राठी इस आंदोलन में शामिल होने भारत आए थे।
  3. ध्रुव राठी ने हाल ही में एक इंटरव्यू दिया।
  4. इंटरव्यू में उन्होंने बॉलीवुड कलाकारों से एकजुट होकर आवाज उठाने की अपील की।
  5. उन्होंने पुलिस और सेना के एक साथ आवाज उठाने की संभावना का भी जिक्र किया।
  6. उत्तर प्रदेश के पूर्व DGP विक्रम सिंह ने उनके बयान पर नाराजगी जताई।
  7. विक्रम सिंह ने पुलिसकर्मियों को सरकार के खिलाफ भड़काने को गंभीर अपराध बताया।
  8. उन्होंने सेना से संबंधित मामले में IPC की धारा 131 और भारतीय न्याय संहिता की धारा 159 का उल्लेख किया।
  9. पूर्व DGP ने इंटरव्यू की सत्यता की जांच और कानूनी कार्रवाई की मांग की।
  10. उन्होंने इस मामले में रासुका के तहत कार्रवाई की उपयुक्तता का भी उल्लेख किया।
RELATED ARTICLES
-Advertisement-spot_img
-Advertisement-spot_img
-Advertisement-spot_img
-Advertisement-spot_img
-Advertisement-
-Advertisement-

Most Popular

About Khabar Sansar

Khabar Sansar (Khabarsansar) is Uttarakhand No.1 Hindi News Portal. We publish Local and State News, National News, World News & more from all over the strength.