खबर संसार, नई दिल्ली: पेट्रोल-डीजल की गाड़ियों पर ये sticker लगाना जरूरी, वर्ना भरना होगा जुर्माना, बढ़ते वायु प्रदूषण को देखते हुए दिल्ली सरकार ने गाड़ियों पर रंगीन स्टीकर लगवाने का आदेश जारी किया है। इन स्टीकरों से वाहन को दूर से पहचाना जा सकेगा ये पेट्रोल वाहन है या डीजल वाहन। परिवहन विभाग ने बाकायदा इसके लिए नोटिस भी जारी कर दिया है। सुप्रीम कोर्ट के आदेशानुसार व केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989 के अनुसार दिल्ली क्षेत्र के सभी पंजीकृत सभी वाहनों पर क्रोमियम आधारित होलोग्राम sticker लगाना जरूरी कर दिया गया है।
स्टीकर से होगी गाड़ियों की पहचान
जारी किए गए नोटिस के अनुसार, ‘सभी पुराने वाहनों के मालिकों को सलाह दी जाती है कि अपने वाहन की विंडशील्ड पर ईंधन की संबंधित श्रेणी के हिसाब से क्रोमियम आधारित होलोग्राम स्टीकर चस्पा कराने के लिए संबंधित विक्रेताओं से संपर्क करें।’ रंगीन स्टीकरों के माध्यम से पता चल सकेगा कि पेट्रोल गाड़ी है यह डीजन वाहन।
यह भी पढ़ें- डाॅक्टरों ने युवक को किया मृत घोषित, mortuary में हुआ जिंदा
इसलिए लगाए जाते हैं sticker
यहां बताते चलें कि कि सड़कों पर निरीक्षण के दौरान यातायात पुलिस के अधिकारियों को रंगों वाले sticker से उसमें इस्तेमाल पेट्रोल, डीजल समेत ईंधन का पता चलता है। पेट्रोल या सीएनजी के लिए नीला और डीजल वाहनों के लिए नारंगी निर्धारित किया गया है।
10 हजार रूपये तक है जुर्माने का प्रावधान
बताते चलें कि अगर किसी वाहन पर ये sticker नहीं लगाए गए हैं, तो आपको 5,500 रुपये से लेकर 10,000 रुपये तक आर्थिक दण्ड लगाया जा सकता है। इन स्टिकर में रजिस्ट्रेशन नंबर, रजिस्ट्रेशन अथॉरिटी, एक लेजर-ब्रांडेड पिन और वाहनों के इंजन और चेसिस नंबर जैसे विवरण भी होते हैं।


