खबर संसार, नई दिल्ली : …तो क्या जवाबी कार्रवाई में NATO के ये 30 देश करेंगे रूस पर हमला! , रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध जारी है। अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने कहा है कि रूस की हर हरकत पर हमारी नजर है। ऐसे में NATO के 30 सदस्य देश रूस पर हमले की योजना बना रहे हैं। बताया जा रहा है कि नाटो रूस के खिलाफ आर्टिकल-4 का इस्तेमाल करेगा।
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दरअसल रूस के राष्ट्रपति व्लादमीर पुतिन की ओर से यूक्रेन पर युद्ध की घोषणा किए जाने के बाद से ताबड़तोड़ हमलों का दौर जारी है। रूस ने यूक्रेन के 11 शहरों पर एक साथ सभी एयरबेस पर हमला बोला है, जिससे वहां के सैन्य ठिकानों पर भारी तबाही मची हुई है। ऐसे में हमले को देखते हुए NATO ने आपात बैठक बुलाई थी। बताया जा रहा है कि अब इसी के तहत नाटो रूस के खिलाफ जवाबी कार्रवाई की योजना बना रहा है।
रूस और NATO में कोई मुकाबला है?
चाहे सैन्य ताकत हो या रक्षा पर खर्च, दोनों ही मामलों में रूस और NATO का कोई मुकाबला नहीं है। नाटो के मुताबिक, 2021 में सभी 30 देशों का अनुमानित खर्च 1,174 अरब डाॅलर से ज्यादा का है। 2020 में नाटो के देशों ने 1,106 अबर डाॅलर खर्च किए थे। ही रूस ने 2020 में अपनी रक्षा पर 61.7 अरब डाॅलर का खर्च किया था।
नाटो के 40 हजार से ज्यादा सैनिक कभी भी लमबंद होने के लिए तैयार है। वहीं, अगर युद्ध में सीधे नाटो शामिल हुआ तो उसके पास 33 लाख से ज्यादा जवान है। वहीं, रूस के पास करीब 12 लाख की सेना है, जिसमें से 8 लाख जवान सक्रिय है. नाटो के सामने कहां टिकता है रूस?
ये 30 देश नाटो में हैं शामिल
अमेरिका, फ्रांस, ब्रिटेन, इटली, तुर्की, जर्मनी, स्पेन, कनाडा, पोलैंड, ग्रीस, नॉर्वे, नीदरलैंड्स, रोमानिया, चेक रिपब्लिक, पुर्तगाल, हंगरी, डेनमार्क, स्लोवाकिया, क्रोएशिया, बुल्गारिया, बेल्जियम, लिथुआनिया, स्लोवेनिया, लातविया, इस्टोनिया, अल्बानिया, मोंटेनेगरो, आइसलैंड, लक्जमबर्ग और नॉर्थ मैसेडोनिया शामिल हैं।



