नई दिल्ली। यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) ने डिजिटल भुगतान की दुनिया में एक नया मील का पत्थर हासिल किया है। अगस्त 2025 में पहली बार UPI ने 20 अरब से अधिक लेनदेन दर्ज किए, जो डिजिटल ट्रांजैक्शन के बढ़ते चलन का बड़ा संकेत है। वित्तीय सेवा विभाग (DFS) के आंकड़ों के अनुसार, अगस्त 2025 तक UPI लेनदेन की कुल संख्या 20.01 अरब पहुंच गई।
अगस्त 2025: 20 अरब से अधिक ट्रांजैक्शन, 24.85 लाख करोड़ का लेनदेन
भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (NPCI) ने बताया कि अगस्त 2025 में UPI ने 20.01 बिलियन लेनदेन किए, जिनकी कुल राशि 24.85 लाख करोड़ रुपये रही। साल-दर-साल (YoY) आधार पर लेनदेन की संख्या में 34% और लेनदेन मूल्य में 21% की वृद्धि दर्ज की गई। औसतन हर दिन 645 मिलियन लेनदेन हुए, जिनका मूल्य 80,177 करोड़ रुपये था।
जुलाई 2025 भी रहा मजबूत, अगस्त में नया रिकॉर्ड
जुलाई 2025 में कुल लेनदेन 19.47 बिलियन रहे, जिनका मूल्य 25.08 लाख करोड़ रुपये था। लेनदेन संख्या में 35% YoY और मूल्य में 22% YoY वृद्धि दर्ज की गई। औसत दैनिक लेनदेन 628 मिलियन और मूल्य 80,919 करोड़ रुपये था। हालांकि अगस्त में लेनदेन की संख्या बढ़ी, लेकिन मूल्य जुलाई की तुलना में थोड़ा कम रहा।
डिजिटल भुगतान में निरंतर उछाल
विशेषज्ञों का मानना है कि UPI की यह उपलब्धि भारत में कैशलेस इकोनॉमी की दिशा में एक मजबूत कदम है। हालिया SBI रिपोर्ट के मुताबिक, जनवरी 2025 में औसत दैनिक लेनदेन मूल्य 75,743 करोड़ रुपये था, जो जुलाई में बढ़कर 80,919 करोड़ रुपये तक पहुंच गया।
कुल मिलाकर, UPI भारत की डिजिटल पेमेंट क्रांति का नेतृत्व कर रहा है और आने वाले महीनों में यह आंकड़ा और भी तेजी से बढ़ने की संभावना है।
इसे भी पढ़े- पवन खेड़ा की कोर्ट में होगी पेशी, ट्रांजिट रिमांड पर असम ले जाएगी पुलिस
