जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले के चिशोती गांव में बादल फटने से आई तबाही ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया है। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में उस खौफनाक पल को कैद किया गया है जब मचैल माता यात्रा के श्रद्धालु अचानक आए सैलाब से जान बचाने के लिए भागते नजर आए। पानी का तेज बहाव गाड़ियां, झोपड़ियां और पक्के ढांचे तक बहा ले गया।
श्रद्धालुओं की चीख-पुकार और अफरातफरी
एक वायरल वीडियो, जिसे संभवतः किसी यात्री ने शूट किया, श्रद्धालुओं की चीख-पुकार और भगदड़ को दिखाता है। अचानक आए सैलाब ने चारों ओर दहशत फैला दी। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि कैसे लोगों की आंखों के सामने ही गाड़ियां और घर तेज धारा में बह गए।
क्लोज-अप वीडियो में तबाही का भयावह दृश्य
एक और वायरल क्लोज-अप वीडियो बाढ़ की विनाशकारी ताकत को और करीब से दिखाता है। इसमें तेज बहाव न केवल घरों को जड़ से उखाड़ता नजर आता है बल्कि बड़े-बड़े पेड़ भी उसकी चपेट में आ जाते हैं। प्रकृति का यह विकराल रूप दिल दहला देने वाला है।
मौत का आंकड़ा बढ़ा, बचाव अभियान जारी
आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक, इस आपदा में अब तक 60 लोगों की मौत हो चुकी है और 100 से ज्यादा लोग घायल हैं। पीटीआई की रिपोर्ट में 75 से अधिक लोगों के लापता होने की आशंका जताई गई है। वहीं, स्थानीय लोगों का मानना है कि असली संख्या सैकड़ों तक पहुंच सकती है। मृतकों में CISF के दो जवान और स्थानीय पुलिस का एक SPO भी शामिल हैं।
बचाव अभियान युद्ध स्तर पर चल रहा है। अब तक 167 लोगों को मलबे से निकाला गया है, जिनमें से 38 की हालत गंभीर बताई जा रही है। राहत कार्यों में एनडीआरएफ, सेना और पुलिस की टीमें लगातार जुटी हुई हैं।
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