जम्मू-कश्मीर में पुलिस महानिदेशक (जेल) हेमंत कुमार लोहिया की उनके निवास पर निर्ममता से हत्या करने वाला यासिर मलिक पुलिस के हत्थे चढ़ गया है। बताया जा रहा है कि हत्यारे ने पहले पुलिस अधिकारी का गला रेता और फिर उनके शव को जलाने की कोशिश भी की।
पुलिस को हत्या के मामले में हेमंत लोहिया के 23 वर्षीय घरेलू सहायक यासिर अहमद पर शक है जोकि रिपोर्टों के मुताबिक अपराध को अंजाम देने के बाद भाग गया था। इसके बाद पुलिस ने कई टीमें गठित कर छापेमारी शुरू की और यासिर का स्कैच भी जारी कर दिया। इसके चलते कुछ ही घंटों के भीतर यासिर अहमद को पकड़ लिया गया।
यासिर हल्ला-धंडरथ गांव का रहने वाला
यासिर अहमद रामबन जिले के हल्ला-धंडरथ गांव का निवासी बताया जा रहा है। उल्लेखनीय है कि यह घटनाक्रम ऐसे समय सामने आया है जब केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह राज्य के तीन दिवसीय दौरे पर हैं। हम आपको बता दें कि हेमंत लोहिया को अगस्त महीने में ही केंद्रशासित प्रदेश के जेल महानिदेशक के रूप में पदोन्नत और नियुक्त किया गया था।
इस बीच, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (जम्मू क्षेत्र) मुकेश सिंह ने बताया है कि 1992 बैच के भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारी 52 वर्षीय हेमंत कुमार लोहिया शहर के बाहरी इलाके में अपने उदयवाला निवास पर मृत मिले और उनका गला रेता गया था।
उन्होंने कहा कि घटना स्थल की प्रारंभिक जांच से संकेत मिलता है कि लोहिया ने अपने पैर में तेल लगाया होगा, जिनमें सूजन दिखाई दे रही थी। उन्होंने कहा कि हत्यारे ने लोहिया का गला काटने के लिए ‘केचप’ की टूटी हुई बोतल का इस्तेमाल किया और बाद में शव जलाने की भी कोशिश की।
एडीजीपी ने कहा कि घटना स्थल से एकत्र किए गए सीसीटीवी फुटेज में संदिग्ध आरोपी यासिर को अपराध के बाद भागते हुए देखा गया। उन्होंने कहा, “यासिर अहमद करीब छह महीने से इस घर में काम कर रहा था..शुरुआती जांच में पता चला कि वह काफी उग्र मिजाज का व्यक्ति था और अवसाद में भी था।”
इसे भी पढ़े-BJP ने मदन कौशिक को हटा, महेंद्र भट्ट को बनाया उत्तराखंड भाजपा अध्यक्ष
हमारे फेसबुक पेज से जुड़ने के लिए



