यूक्रेन, खबर संसार। जी, हां आप ने सही पढ़ा यूक्रनी सैनिकों ने काला सागर में एक रूसी युद्धपोत को तबाह कर दिया है। ओडेसा के गवर्नर ने बताया कि यूक्रेनी सैनिकों ने मिसाइलों की मदद से काला सागर में एक रूसी युद्धपोत को तबाह कर दिया। यूक्रेन की जय!
जानकारी के अनुसार, यूक्रेनी सैनिकों के मिसाइल हमले की वजह से रूसी युद्धपोत में आग लग गई। जिसकी वजह से युद्धपोत को काफी नुकसान हुआ है। हालांकि युद्धपोत में मौजूद सभी रूसी सैनिक सुरक्षित हैं। यह यूक्रेन के जरिए रूस को दिया गया सबसे बड़ा झटका है।
इसे भी पढ़ें: आईआईपी के स्थापना दिवस पर सीएम ने अंबेडकर की चित्र पर किया माल्यार्पण
पुतिन का करीबी गिरफ्तार
तो वही, रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के करीबी विक्टर मेदवेदचुक को यूक्रेन की खुफिया एजेंसी एसबीयू ने गिरफ्तार कर लिया है। यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने गिरफ्तारी के बाद मेदवेदचुक की तस्वीर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा की। इसके साथ ही यूक्रेन ने रूस के सामने एक शर्त रखी कि मेदवेदचुक की सुरक्षित रिहाई के लिए कैदी बनाए गए यूक्रेनी नागरिकों को आजाद कर दें।
यूक्रेनी सैनिकों ने किया आत्मसमर्पण
प्राप्त जानकारी के मुताबिक, मारियुपोल शहर में 162 अधिकारियों समेत 1,026 यूक्रेनी सैनिकों ने आत्मसमर्पण किया है। रूसी रक्षा मंत्रालय के मुताबिक यूक्रेन की 36वीं मरीन ब्रिगेड के 1,026 जवानों ने आत्मसमर्पण कर दिया है। इसके साथ ही रूसी मीडिया ने एक तस्वीर भी जारी की, जो आत्मसमर्पण किए गए सैनिकों की बताई जा रही है।
रूस के चार पड़ोसी देश पोलैंड, लिथुआनिया, लातविया और एस्टोनिया के राष्ट्रपति युद्धग्रस्त यूक्रेन पहुंचे हैं। जहां पर उन्होंने ताजा हालातों की समीक्षा की और राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की के प्रति अपना समर्थन जताया। इसी बीच खबर है कि अमेरिका ने युद्धग्रस्त यूक्रेन की 800 मिलियन डॉलर की अतिरिक्त मदद करने का ऐलान किया है। इसके तहत अमेरिका युद्ध में इस्तेमाल किए जाने वाले हथियार, गोला-बारूद समेत कई उपकरण उपलब्ध कराएगा।
हमारे फेसबुक पेज से जुड़ने के लिए क्लिक करें



